स्वाइन फ्लू का कहर भी नहीं तोड़ पा रहा निगम की कुम्भकर्णीय नींद
https://khabarrn1.blogspot.com/2015/02/ajmer-nagar-nigam-not-serious-on-swine-flu.html
अजमेर (विजय हंसराजानी)। शहर में स्वाइन फ्लू पॉजिटिव लोगों की संख्या में लगातार बढ़ोतरी हो रही है और इस बीमारी से पीड़ित कई रोगियों की मौत भी हो चुकी है। किसी भी महामारी से निपटने के लिए सफाई एक पहली आवश्यकता होती है, स्वाइन फ्लू से शहर में हो चुकी कई मौतों के बावजूद शहर में जगह-जगह पर कचरे एवं गंदगी के ढेर नजर आ रहे हैं, जिसे उठवाने के लिए भी निगम प्रशासन के द्वारा कोई खास कार्रवाई नहीं की जा रही है, जिसके चलते शहर में स्वाइन फ्लू का खतरा और गहराता हुआ नजर आ रहा है।
शहर में जगह-जगह गंदगी के ढेर के रूप में डेरा जमाये बैठी बीमारियों से निजात पाने के लिए भले भी चिकित्सा विभाग ने अपनी कमर कस ली हो लेकिन निगम के द्वारा कचरे को उठाने के नाम पर कौरी खानापूर्ति की जा रही है, जिसे लेकर अब शहरवासी भी निगम की सफाई-व्यवस्था पर सवाल उठाने लगे हैं कि क्या इन गंदगी के ढेरों के बीच कैसे बनेगा अजमेर स्मार्ट सिटी?
शहरवासियों की शिकायत है कि सफाई कर्मचारी न तो सफाई कर रहे हैं और न ही कचरा उठाकर ले जाते हैं, अगर कचरा उठाकर ले भी जाते हैं तो पास में ही किसी गड्डे में या खाली जगह डाल देते हैं। ऐसे में कचरा वहीं का वहीं फैलता रहता हैं।
बहरहाल, स्वाइन फ्लू का बढ़ता कहर भी निगम प्रशासन को मुस्तैद कर पाने में नाकाम होता हुआ दिखाई दे रहा है। ऐसे में अजमेर शहर को स्वाइन फ्लू जैसी जानलेवा बीमारी से निपटने के लिए साफ-सफाई की नितांत आवश्यकता है। इसलिए अगर निगम प्रशासन अब भी सफाई को लेकर गंभीर नहीं होता है तो यह कहने में कोई अतिश्योक्ति नहीं होगी कि अगर यही स्थिति रही तो आने वाले समय में शहर में स्वाइन फ्लू जैसी घातक बीमारी के शिकारों की संख्या में और भी इजाफा हो सकता है।
शहर में जगह-जगह गंदगी के ढेर के रूप में डेरा जमाये बैठी बीमारियों से निजात पाने के लिए भले भी चिकित्सा विभाग ने अपनी कमर कस ली हो लेकिन निगम के द्वारा कचरे को उठाने के नाम पर कौरी खानापूर्ति की जा रही है, जिसे लेकर अब शहरवासी भी निगम की सफाई-व्यवस्था पर सवाल उठाने लगे हैं कि क्या इन गंदगी के ढेरों के बीच कैसे बनेगा अजमेर स्मार्ट सिटी?
शहरवासियों की शिकायत है कि सफाई कर्मचारी न तो सफाई कर रहे हैं और न ही कचरा उठाकर ले जाते हैं, अगर कचरा उठाकर ले भी जाते हैं तो पास में ही किसी गड्डे में या खाली जगह डाल देते हैं। ऐसे में कचरा वहीं का वहीं फैलता रहता हैं।
बहरहाल, स्वाइन फ्लू का बढ़ता कहर भी निगम प्रशासन को मुस्तैद कर पाने में नाकाम होता हुआ दिखाई दे रहा है। ऐसे में अजमेर शहर को स्वाइन फ्लू जैसी जानलेवा बीमारी से निपटने के लिए साफ-सफाई की नितांत आवश्यकता है। इसलिए अगर निगम प्रशासन अब भी सफाई को लेकर गंभीर नहीं होता है तो यह कहने में कोई अतिश्योक्ति नहीं होगी कि अगर यही स्थिति रही तो आने वाले समय में शहर में स्वाइन फ्लू जैसी घातक बीमारी के शिकारों की संख्या में और भी इजाफा हो सकता है।