मिशन पूर्ण शक्ति की बैठक सम्पन्न
बून्दी। मिशन पूर्ण शक्ति की प्रथम बैठक जिला कलक्टर आनंदी की अध्यक्षता मे बुधवार को सम्पन्न हुई। इस पायलेट प्रोजेक्ट तहत राजस्थान में पाली ...
https://khabarrn1.blogspot.com/2014/02/blog-post_6687.html
बून्दी। मिशन पूर्ण शक्ति की प्रथम बैठक जिला कलक्टर आनंदी की अध्यक्षता मे बुधवार को सम्पन्न हुई। इस पायलेट प्रोजेक्ट तहत राजस्थान में पाली जिले के बाद दूसरे जिले के रूप में बून्दी जिले का चयन किया गया है।बैठक में पाली की मिशन पूर्ण शक्ति की जिला समन्वयक रंजना कुलश्रेष्ठ ने बताया कि यह प्रोजेक्ट पाली जिले में 150 ग्राम पंचायतों में संचालित हो रहा है। प्रत्येक ग्राम पंचायत में दो ग्राम समन्वयक कार्यरत है। जो महिलाओं एवं बालिकओं को संबंधित विभिन्न विभागों से जुड़ी योजनाओं से लाभान्वित कर रही है।
उन्होंने जानकारी दी कि ये ग्राम समन्वयक महिलाओं को योजनाओं के बारे मे जानकारी देकर, उन्हें जागरूक बनाकर सशक्त बनाने का कार्य करती है। बैठक में महिला एवं बाल विकास की उपनिदेशक शोभा पाठक ने जानकारी दी कि बून्दी जिले में मिशन पूर्ण शक्ति का आरम्भ तालेड़ा ब्लाक की 10 ग्राम पंचायतों से किया जा रहा है। प्रत्येक ग्राम पंचायत पर दो ग्राम समन्वयक कार्य करेगी तथा 11 ग्राम समन्वयक का चयन किया जा चुका है तथा 9 ग्राम समन्वयक का चयन भी जल्द ही किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि ग्राम समन्वयक ग्राम पंचायतों में महिलाओं एवं किशोरियों से संबंधित विभिन्न सरकारी विभागों से जुड़ी योजनाओं की जानकारी देकर उन्हें अपने स्तर पर जागरूक बनाने का कार्य करेगी। उन्होंने कहा कि प्रथम स्तर पर इन ग्राम समन्वयकों को प्रशिक्षण दिया जावेगा। बैठक में मुख्य कार्यकारी अधिकारी सईद अहमद ने कहा कि इस मिशन को सफल बनाने के लिए सभी विभागों के समन्वयन की आवश्यकता होगी। ग्राम समन्वयकों के लिए महिला एवं बाल विकास विभाग कार्यशाला का आयोजन करे।
बैठक में नाबार्ड के डी.डी.एम. ने कहा कि इन ग्राम समन्वयकों को इतना सशक्त करने की आवश्यकता है कि वे इन ग्राम पंचायतों की महिलाओं को अपने अधिकारों के प्रति जागरूक कर सकें। जिलें में विभिन्न विभागों की महिलाओं के कल्याण से सम्बन्धित कौन-कौन सी योजनाए वर्तमान में चल रही है उनकी जानकारी ग्राम समन्वयकों को देने के लिए बुकलेट छपाई जानी चाहिए। बैठक में पुलिस उपाधीक्षक राज्यवर्धन सिंह ने कहा कि सुरक्षा के दृष्टिकोण से ग्रामीण क्षेत्र में कई छोटी-छोटी बातों को ये ग्राम समन्वयक अपने स्तर पर समाधान कर सकती है और पुलिस विभाग इसमे इनका पूर्ण सहयोग करेगा।
बैठक के अन्त मे जिला कलक्टर आनंदी ने अपने उद्बोधन में कहा कि सबसे पहले हमें संबंधित ग्राम पंचायतों की चुनी गई ग्राम समन्वयकों को एक अच्छा प्रशिक्षण देना होगा ये ग्राम समन्वयक संबंधित क्षेत्र के जनप्रतिनिधि, ग्राम सेवक, अध्यापक, साथिन, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता को भी इस पायलेट प्रोजेक्ट में साथ लेकर कार्य करे।