जिले के सर्वांगीण विकास में जनप्रतिनिधियों को तत्पर बने रहने का आव्हान
बून्दी,। बून्दी जिला परिषद् की साधारण सभा की बैठक शुक्रवार को यहां कलक्ट्रेट सभागार में आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता जिला प्रमुख श्री रा...
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बून्दी,। बून्दी जिला परिषद् की साधारण सभा की बैठक शुक्रवार को यहां कलक्ट्रेट सभागार में आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता जिला प्रमुख श्री राकेश बोयत ने की। बैठक में जिले में पेयजल एवं विद्युत आपूर्ति व्यवस्था, सड़क परिवहन, सिंचाई व्यवस्था, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवाऐं, शिक्षण व्यवस्था, नरेगा योजना तथा विभिन्न मुद्दों पर विस्तृत चर्चा की गई। बैठक में सांसद इज्यराज सिंह, उप जिला प्रमुख आशा मीणा, विधायक बून्दी अशोक डोगरा, विधायक हिण्डोली अशोक चांदना, विधायक के.पाटन बाबूलाल वर्मा सहित जिले के सभी प्रधान, जिला परिषद् सदस्य, जिला कलक्टर आनंदी तथा विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारीगण उपस्थित रहे। बैठक में जिला प्रमुख ने अपने उद्बोधन में कहा कि जिले के जनप्रतिनिधि लाभ पहुंचाने, सरकार की कल्याणकारी योजनाओं तथा कार्यक्रमों का आमजन को अधिकाधिक तथा जिले के सर्वांगीण विकास के लिए सदैव तत्पर बने रहे। विभागीय अधिकारी अपने कार्य दायित्व के निर्वहन में किसी प्रकार की कोताही नहीं बरते। उन्होंने कहा कि शिक्षा के स्तर में सुधार की ओर शिक्षा विभाग के अधिकारियों के साथ-साथ जिले के जनप्रतिनिधि भी ध्यान देवें। जनप्रतिनिधियों की इच्छा शक्ति एवं सहयोग प्राप्त होने पर जिले में शिक्षण व्यवस्था को ओर अधिक बेहतर बनाया जा सकेगा।बैठक में जिला प्रमुख ने जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के अधिशाषी अभियन्ता को निर्देश दिए कि फ्लोराइड की समस्या से ग्रस्त चिन्हित ग्रामीणों के अलावा इस समस्या ने ग्रसित अन्य गांवो को भी शामिल करते हुए जिले के परिपेक्ष्य में स्कीम तैयार की जावें। श्री बोयत ने निर्देश दिए कि साधारण सभा की बैठक में अनुपस्थित रहने वाले अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्यवाही के लिए राज्य सरकार को लिखा जावे। बैठक में क्षेत्रीय सासंद इज्यराज सिंह ने अपने उद्बोधन में कहा कि बून्दी शहर विकास में कार्यो में वन विभाग की आपत्ति के कारण समस्या आ रही है। उनके निराकरण के लिए किए जा रहे प्रयासों को गति प्रदान की जावे। छोटे-मोटे कार्यक्रमों की क्रियान्विति मे वन विभाग को व्यावहारिक दृष्टिकोण भी अपनाना चाहिए। क्षेत्रीय सासंद ने सांसद कोष से करवाये गए विकास कार्यो के उपयोगिता प्रमाण पत्र शीघ्र भिजवाने के लिए भी ध्यान आकर्षित किया। बैठक में बून्दी विधायक अशोक डोगरा ने कहा कि चार हजार से अधिक आबादी के शेष बचे गांवों मे उच्च जलाशय के प्रस्ताव राज्य सरकार को प्रेषित किए जावें। वन क्षेत्र में आने वाली बस्तियों में पेयजल एवं आवगमन की समस्या को दूर करने के लिए गम्भीर प्रयास किये जावे। जिला चिकित्सालय में उपलब्ध सिटी स्केन मशीन को आरम्भ करवाया जावे। बैठक में के.पाटन विधायक बाबू लाल वर्मा ने कहा कि घाट का बराना के पास एनिकट बनाने के प्रस्ताव शीघ्र तैयार करवाए जावे। पेयजल समस्या ग्रस्त गांवों की क्षेत्रीय जल प्रदाय योजनाएं तैयार करवाई जाकर राज्य सरकार को प्रेषित की जावें। जिले में सभी विभाग अपनी-अपनी कम्पोजिट योजना तैयार कर राज्य सरकार को प्रेषित करें। बैठक में हिण्डोली विधायक अशोक चांदना ने अपने उद्बोधन में कहा कि जिले के सर्वांगीण विकास के लिए सभी जन प्रतिनिधी राजनीति से ऊपर उठकर कार्य करें। आम जन से जुड़े मुद्दों में अधिकारियों को संवेदनशीलता बरतनी चाहिए। जन समस्याओं को सुनकर सकारात्मक सोच के साथ उनके समाधान का प्रयास होना चाहिए। श्री चांदना ने राजस्व कार्यालयों में उपलब्ध जमीनों के नक्शे जीर्ण-क्षीर्ण अवस्था में होने से कई प्रकार की समस्या पैदा हो रही है जिसका समाधान प्रशासन द्वारा किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि खराब हुए बिजली के ट्रान्सफार्मरों को निर्धारित 72 घंटों मे बदलने की कार्यवाही सुनिश्चित की जावे। बैठक में उपजिला प्रमुख आशा मीणा ने कहा कि जिले के पेयजल समस्याग्रस्त सभी गांवो की समस्या के समाधान का प्रस्ताव तैयार कर राज्य सरकार को प्रेषित किया जावे। उन्होंने कहा कि सीएडी की नहरों की ड्रेनों से अतिक्रमण हटाए जावे। आबादी क्षेत्र में आने वाली हाइटेंशन लाइनों को गांव से बाहर ले जाया जावे। सरकारी सम्पत्ति यथा सड़कों, भवनों तथा नहरों आदि को क्षति पहुंचाने वाले तत्वों के खिलाफ संबंधित विभाग कार्यवाही करे।बैठक में जिला कलक्टर आनंदी ने अपने उद्बोधन में कहा कि अधिकारीगण एवं जन प्रतिनिधि जिले के शैक्षणिक स्तर में सुधार लाने के लिए अधिकारियों के साथ-साथ जनप्रतिनिधी भी सहयोग प्रदान करें। उन्होंने कहा कि जिले को नरेगा स्कीम में अग्रणी स्थान पर लाने के लिए सभी कार्यकारी विभागों को कड़ी मेहनत करनी होगी। जिलाधिकारी राज्य सरकार से विभागीय लक्ष्यों की प्राप्ति के लिए प्रतिक्षा नहीं करें। भवन रहित विद्यालयो , चिकित्सा संस्थाओं तथा अन्य आवश्यक राजकीय भवनों के निर्माण तथा मरम्मत के प्रस्ताव शीघ्र भिजवाए जावें। जिला कलक्टर ने कहा कि साधारण सभा की बैठक में विभिन्न विभागों के अधिकारियों द्वारा दिये गए आश्वासनों की पालना यथा समय की जावे। बैठक मे बून्दी जिले की वर्ष 2014-15 की 48099.90 लाख रूपये की नरेगा वार्षिक कार्य योजना का अनुमोदन किया गया। इस योजना में ग्राम पंचायतों तथा विभिन्न कार्यकारी संस्थाओं द्वारा प्रस्तावित 32 हजार 729 कार्यो को सम्मिलित किया गया है। बैठक में जिला प्रमुख द्वारा जिला परिषद् के माध्यम से नया सभागार बनाने के प्रस्ताव का अनुमोदन किया गया। उन्होंने बासनी ग्राम के पास फैसिलिटी सेन्टर विकसित करने का प्रस्ताव भी रखा, जिसे सर्वसम्मति पारित किया गया। बैठक में मेज नदी के पानी का उपयोग बून्दी जिले में ही किये जाने तथा बीसलपुर बांध से जयपुर को पेयजल आपूर्ति करने वाली पाइप लाइन से नैनवा क्षेत्र को पेयजल आपूर्ति का प्रस्ताव राज्य सरकार को प्रेषित करने का अनुमोदन भी किया गया। बैठक मे बून्दी पंचायत समिति की प्रधान राज, तालेड़ा प्रधान रेखा छाबड़ी, के.पाटन विरेन्द्र सिंह हाड़ा, नैनवा प्रधान रामनारायण बैरवा तथा हिण्डोली प्रधान रघुनाथ मीणा ने भी क्षेत्रीय समस्याओं से सदन को अवगत कराया और उनके समाधान का आग्रह किया।बैठक में जिला परिषद् सदस्य सतीश गुर्जर, बृजमोहन शर्मा, रामबाबू शर्मा, शोपाल मीणा, रामस्वरूप मीणा, चन्द्रप्रकाश दाधीच, राधेश्याम पहाड़िया, लालचन्द पहाड़िया, लाल चन्देल तथा अन्य सदस्यों ने भी क्षेत्रीय समस्या प्रस्तुत कर उनके समाधान का आग्रह किया। बैठक में मुख्य कार्यकारी अधिकारी सईद अहमद ने बताया कि निर्मल भारत अभियान में खुले में शौच से मुक्ति के लिये बून्दी जिले को राज्य में तीसरा स्थान प्राप्त हुआ है तथा अगले सप्ताह जयपुर में आयोजित होने वाली अन्तर्राष्ट्रीय कान्फे्रन्स में जिला कलक्टर अपनी प्रस्तुति देगी। बैठक में अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी ज्ञान चन्द रैगर ने आभार व्यक्त किया।