बुरहान वानी एक आतंकी था, उसे आतंकी की तरह ही देखा जाए : पीएम मोदी
https://khabarrn1.blogspot.com/2016/07/Burhan-Wani-was-a-terrorist-and-he--should-seen-as-terrorist-says-PM-modi.html
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने चार देशों की अफ्रीकी यात्रा से आज सुबह लौटने के बाद फौरन सुरक्षा मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति की आपात बैठक बुलाई और जम्मू-कश्मीर में कानून व्यवस्था की समीक्षा की। बैठक के दौरान पीएम मोदी ने घाटी में शांति बनाये रखने की अपील की और इस संबंध में राज्य सरकार को हरसंभव मदद करने का आश्वासन दिया। उच्चस्तरीय बैठक की अध्यक्षता पीएम मोदी ने की और यह बैठक दो घंटे से ज्यादा चली।
इस हाईलेवल मीटिंग में खुफिया विभाग और एनएसए प्रमुख भी शामिल हुए। बैठक में केंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह, रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर, विदेश मंत्री सुषमा स्वराज, वित्त मंत्री अरुण जेटली और प्रधानमंत्री कार्यालय में राज्य मंत्री जितेंद सिंह के अलावा राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोवाल एवं एस जयशंकर आदि मौजूद थे।
हाल ही में कश्मीर में हिजबुल मुजाहिदीन के कमांडर आतंकी बुरहान वानी की मौत के बाद जम्मू-कश्मीर में भड़की हिंसा को लेकर आयोजित की गई उच्च स्तरीय बैठक में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने गहरी चिंता जताई है। खबरों के मुताबिक, बैठक में मोदी ने कहा कि बुरहान वानी एक आतंकवादी था, उसे नेता न बनाया जाए और उसे एक आतंकी की तरह ही देखा जाए। पीएम ने राज्य की महबूबा सरकार को हालात का सामना बेहतर ढंग से करने को कहा है।
बैठक में प्रधानमंत्री को घाटी के घटनाक्रम के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई, जहां शुक्रवार को वानी की मौत के बाद से हिंसक प्रदर्शन हो रहे हैं। इस दौरान सुरक्षा बलों और प्रदर्शनकारियों के बीच संघर्ष में मरने वालों की तादाद 24 हो गई है। इस बीच कश्मीर के बिगड़ते हालात की वजह से गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने अपना अमेरिकी दौरा रद्द कर दिया है। राजनाथ 17 जुलाई को अमेरिका में सुरक्षा को लेकर होने वाली बैठक में शामिल होने वाले थे।
बैठक के बाद जितेंद्र सिंह ने बताया कि मोदी ने जम्मू-कश्मीर में स्थिति को बहाल करने की लोगों से अपील की और कहा है कि वहां किसी भी निर्दोष व्यक्ति की जान नहीं जानी चाहिये। उन्होंने यह भी कहा कि केंद्र सरकार वहां की स्थिति पर लगातार नजर रखे हुये है और शांति बहाल करने के प्रयासों में लगी हुई है। सिंह ने यह भी बताया कि प्रधानमंत्री ने राज्य में शांति बहाल करने के लिये राज्य सरकार को हरसंभव मदद करने का भरोसा जताया है।
गौरतलब है कि पिछले दिनों जम्मू-कश्मीर की स्थिति अत्यंत नाजुक होने पर गृह मंत्री ने भी अपने आवास पर उच्च स्तरीय बैठक बुलाई थी और वहां की मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती से बातचीत की थी। प्रधानमंत्री निवास पर हुई इस बैठक में सिंह ने प्रधानमंत्री को कश्मीर के हालात की विस्तार से जानकारी दी।
इस हाईलेवल मीटिंग में खुफिया विभाग और एनएसए प्रमुख भी शामिल हुए। बैठक में केंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह, रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर, विदेश मंत्री सुषमा स्वराज, वित्त मंत्री अरुण जेटली और प्रधानमंत्री कार्यालय में राज्य मंत्री जितेंद सिंह के अलावा राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोवाल एवं एस जयशंकर आदि मौजूद थे।
हाल ही में कश्मीर में हिजबुल मुजाहिदीन के कमांडर आतंकी बुरहान वानी की मौत के बाद जम्मू-कश्मीर में भड़की हिंसा को लेकर आयोजित की गई उच्च स्तरीय बैठक में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने गहरी चिंता जताई है। खबरों के मुताबिक, बैठक में मोदी ने कहा कि बुरहान वानी एक आतंकवादी था, उसे नेता न बनाया जाए और उसे एक आतंकी की तरह ही देखा जाए। पीएम ने राज्य की महबूबा सरकार को हालात का सामना बेहतर ढंग से करने को कहा है।
बैठक में प्रधानमंत्री को घाटी के घटनाक्रम के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई, जहां शुक्रवार को वानी की मौत के बाद से हिंसक प्रदर्शन हो रहे हैं। इस दौरान सुरक्षा बलों और प्रदर्शनकारियों के बीच संघर्ष में मरने वालों की तादाद 24 हो गई है। इस बीच कश्मीर के बिगड़ते हालात की वजह से गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने अपना अमेरिकी दौरा रद्द कर दिया है। राजनाथ 17 जुलाई को अमेरिका में सुरक्षा को लेकर होने वाली बैठक में शामिल होने वाले थे।
बैठक के बाद जितेंद्र सिंह ने बताया कि मोदी ने जम्मू-कश्मीर में स्थिति को बहाल करने की लोगों से अपील की और कहा है कि वहां किसी भी निर्दोष व्यक्ति की जान नहीं जानी चाहिये। उन्होंने यह भी कहा कि केंद्र सरकार वहां की स्थिति पर लगातार नजर रखे हुये है और शांति बहाल करने के प्रयासों में लगी हुई है। सिंह ने यह भी बताया कि प्रधानमंत्री ने राज्य में शांति बहाल करने के लिये राज्य सरकार को हरसंभव मदद करने का भरोसा जताया है।
गौरतलब है कि पिछले दिनों जम्मू-कश्मीर की स्थिति अत्यंत नाजुक होने पर गृह मंत्री ने भी अपने आवास पर उच्च स्तरीय बैठक बुलाई थी और वहां की मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती से बातचीत की थी। प्रधानमंत्री निवास पर हुई इस बैठक में सिंह ने प्रधानमंत्री को कश्मीर के हालात की विस्तार से जानकारी दी।
