जम्मू-कश्मीर में सरकार बनाने की राह में फिर आया रोड़ा
https://khabarrn1.blogspot.com/2016/03/hitch-came-in-way-of-government-forming-in-jammu-and-kashmir.html
नई दिल्ली। गत 7 जनवरी को जम्मू कश्मीर के मुख्यमंत्री मुफ्ती मोहम्मद सईद का निधन हो जाने के बाद से राष्ट्रपति शासन के दौर और सरकार के गठबंधन को लेकर की जा रही कवायदों के बीच एक बार फिर से जम्मू-कश्मीर में सरकार बनाने पर पेंच फंस गया है।
बीजेपी का कहना है कि राज्यपाल से मुलाकात के पहले पीडीपी से एक बैठक जरूरी है। जम्मू में बीजेपी विधायक दल की बैठक में सरकार बनाने के लिए पीडीपी समर्थन देने और बीजेपी की ओर से डिप्टी सीएम के तौर पर निर्मल सिंह के नाम पर मुहर लग गई, लेकिन बीजेपी ने आखिरी वक्त पर राज्यपाल के बुलावे को ये कहकर टाल दिया कि इससे पहले पीडीपी से एक बैठक जरूरी है।
सूत्रों के मुताबिक, बीजेपी के इस कदम के पीछे पीडीपी पर गृह या वित्त मंत्रालय में से एक देने का दबाव बनाना है। सूत्रों के मुताबिक अगले दो-तीन दिनों में बीजेपी-पीडीपी की बैठक हो सकती है।
बीजेपी के पीछे हटने से पीडीपी अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती को भी राज्यपाल से मुलाकात को टालना पड़ा। दरअसल बिना बीजेपी के समर्थन पत्र के महबूबा सरकार बनाने का दावा पेश नहीं कर सकती है।
बीजेपी का कहना है कि राज्यपाल से मुलाकात के पहले पीडीपी से एक बैठक जरूरी है। जम्मू में बीजेपी विधायक दल की बैठक में सरकार बनाने के लिए पीडीपी समर्थन देने और बीजेपी की ओर से डिप्टी सीएम के तौर पर निर्मल सिंह के नाम पर मुहर लग गई, लेकिन बीजेपी ने आखिरी वक्त पर राज्यपाल के बुलावे को ये कहकर टाल दिया कि इससे पहले पीडीपी से एक बैठक जरूरी है।
सूत्रों के मुताबिक, बीजेपी के इस कदम के पीछे पीडीपी पर गृह या वित्त मंत्रालय में से एक देने का दबाव बनाना है। सूत्रों के मुताबिक अगले दो-तीन दिनों में बीजेपी-पीडीपी की बैठक हो सकती है।
बीजेपी के पीछे हटने से पीडीपी अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती को भी राज्यपाल से मुलाकात को टालना पड़ा। दरअसल बिना बीजेपी के समर्थन पत्र के महबूबा सरकार बनाने का दावा पेश नहीं कर सकती है।
